बीजिंग। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निमंत्रण पर चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग 23 से 25 सितंबर तक अमेरिका की राजकीय यात्रा पर रहेंगे। तीन साल बाद शी चिनफिंग की यह अमेरिका वापसी है और इसके साथ ही छह महीने के भीतर चीनी और अमेरिकी राष्ट्राध्यक्षों की पारस्परिक यात्राएं भी पूरी होंगी।
यह यात्रा विश्व को एक सकारात्मक संकेत देती है कि दोनों पक्ष 'रचनात्मक रणनीतिक स्थिरता' के संबंधों को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
'रचनात्मक रणनीतिक स्थिरता' में सहयोग पर केंद्रित सकारात्मक स्थिरता, संयमित प्रतिस्पर्धा वाली ठोस स्थिरता, प्रबंधनीय मतभेदों वाली सामान्य स्थिरता और शांति का वादा करने वाली स्थायी स्थिरता शामिल है।
सीजीटीएन द्वारा विश्व भर के 39 देशों के 12,000 उत्तरदाताओं पर किए गए एक सर्वेक्षण से पता चलता है कि 75 प्रतिशत उत्तरदाताओं का मानना है कि चीन-अमेरिका के स्थिर संबंध अंतरराष्ट्रीय समुदाय के लिए बहुत महत्वपूर्ण हैं। विकासशील देशों में यह अनुपात बढ़कर 78.3 प्रतिशत हो जाता है, जबकि अमेरिका के 76.7 प्रतिशत उत्तरदाता इस विचार से सहमत हैं।
चीन-अमेरिका संबंधों में व्यापार, प्रौद्योगिकी, सुरक्षा और अन्य क्षेत्रों में कई चुनौतियों का सामना करते हुए, अंतरराष्ट्रीय समुदाय चीन और अमेरिका से अपेक्षा करता है कि वे प्रत्यक्ष संवाद के माध्यम से मतभेदों का समाधान करें और आपसी विश्वास बढ़ाएं। चीन-अमेरिका के स्थिर संबंध विश्व शांति में अधिक निश्चितता लाने में सहायक होते हैं। दोनों राष्ट्राध्यक्षों की यह मुलाकात दोनों देशों के लोगों के कल्याण के साथ-साथ वैश्विक विकास और समृद्धि के लिए भी महत्वपूर्ण है।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)











