सतना, अरुण साहू। सतना जिले के मझगवां में मूलभूत सुविधाओं की बदहाली और निर्माण कार्यों को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश सामने आया है। मझगवां-पहाड़ीखेरा मार्ग पर पोस्ट ऑफिस और आनंद मोहल्ले के पास बन रही पुलिया को लेकर ग्रामीणों ने गंभीर सवाल उठाए हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि निर्माणाधीन पुलिया जल निकासी के लिहाज से छोटी है, जबकि 29 अगस्त की भारी बारिश में इसी इलाके में 4 से 5 फीट तक पानी भर गया था। इसी मुद्दे समेत पंचायत की विभिन्न समस्याओं को लेकर उपसरपंच राजू सौदागर और समाजसेवी अंगद वर्मा के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीण SDM कार्यालय पहुंचे और 9 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा।
मझगवां-पहाड़ीखेरा मार्ग पर पोस्ट ऑफिस और आनंद मोहल्ले के पास बन रही पुलिया को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है। ग्रामीणों का कहना है कि 29 अगस्त की भारी बारिश के दौरान नाला ओवरफ्लो होने से आनंद मोहल्ले के कई घरों में 4 से 5 फीट तक पानी भर गया था, जिससे लोगों को भारी नुकसान उठाना पड़ा। ग्रामीणों का आरोप है कि मौजूदा निर्माणाधीन पुलिया का आकार क्षेत्र में होने वाले पानी के बहाव और जल निकासी की जरूरत के मुताबिक पर्याप्त नहीं है। ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यदि समय रहते निर्माण में सुधार नहीं किया गया, तो आगामी बारिश में दोबारा जलभराव की स्थिति बन सकती है।
ग्रामीणों ने SDM राजस्व मझगवां और PWD अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर निर्माणाधीन पुलिया का तत्काल तकनीकी निरीक्षण कराने की मांग की है। साथ ही पानी के बहाव को देखते हुए बड़ी पुलिया अथवा अतिरिक्त बॉक्स कलवर्ट बनाने की मांग उठाई गई है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण पूरा होने के बाद सुधार करना मुश्किल होगा, इसलिए निर्माण पूरा होने से पहले ही तकनीकी स्तर पर स्थिति की जांच कर आवश्यक बदलाव किए जाएं। ज्ञापन की प्रतिलिपि कलेक्टर सतना, मुख्य अभियंता PWD रीवा और संबंधित अधिकारियों को भी भेजी गई है।
पुलिया के मुद्दे के साथ ग्रामीणों ने ग्राम पंचायत मझगवां की विभिन्न समस्याओं को लेकर भी 9 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा। उपसरपंच राजू सौदागर और समाजसेवी अंगद वर्मा की अगुवाई में ग्रामीण SDM कार्यालय पहुंचे। ग्रामीणों के अनुसार मिचकुरिन टोला, भट्टन टोला, रामपुरवा कोलान और पुरानी हॉस्पिटल गली में पाइपलाइन बिछाए जाने के बावजूद कई महीनों से पर्याप्त पेयजल उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। ग्रामीणों ने जलापूर्ति व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की है।
बाजार क्षेत्र में करीब दो महीने पहले खोदी गई नाली का काम अधूरा होने का मुद्दा भी ज्ञापन में उठाया गया। ग्रामीणों का कहना है कि अधूरी नाली के कारण दुकानदारों, राहगीरों और छोटे बच्चों के लिए हादसे का खतरा बना हुआ है। इसके अलावा मिचकुरिन टोला में लंबे समय से लंबित मुक्तिधाम यानी शवदाह गृह के निर्माण की मांग भी की गई है। ग्रामीणों ने प्रधानमंत्री आवास योजना के सर्वे में कथित अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए दोबारा सर्वे कराने और पात्र परिवारों को सूची में शामिल करने की मांग रखी।
ग्रामीणों ने मझगवां बाजार क्षेत्र में सुलभ शौचालय और टैक्सी स्टैंड बनाए जाने की मांग भी प्रशासन के सामने रखी है। ग्रामीणों का कहना है कि बढ़ती आबादी और बाजार में आने-जाने वाले लोगों को देखते हुए इन मूलभूत सुविधाओं की जरूरत लंबे समय से महसूस की जा रही है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि करीब दो वर्षों से ग्राम सभा का नियमित आयोजन नहीं हुआ है। पंचायत सचिव की कार्यप्रणाली को लेकर भी ग्रामीणों ने सवाल उठाते हुए पंचायत स्तर की समस्याओं के समय पर निराकरण की मांग की है। उपसरपंच राजू सौदागर ने प्रशासन को चेतावनी दी है कि यदि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई और पंचायत की व्यवस्थाओं में सुधार नहीं किया गया, तो ग्रामीणों के साथ धरना-प्रदर्शन किया जाएगा।




