पूर्व विधायक मुन्नाराजा ने आयोजित किया पारंपरिक होली मिलन समारोह

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छतरपुर। पूर्व विधायक शंकर प्रताप सिंह मुन्नाराजा ने होली मिलन समारोह में बुन्देली संस्कृति की पुरानी परंपराओं को संजोते हुए कहा कि होली और रंगपंचमी के अवसर पर बसारी में विशेष कार्यक्रम आयोजित किए जाते हैं। इस समारोह में मुख्य आकर्षण 20 फुट ऊंची लकड़ी पर लगाया जाने वाला मीठा रहा, जिस पर तेल भी लगाया जाता है ताकि लोग उसे आसानी से न तोड़ सकें। प्रतिभागी इस लकड़ी को चढ़कर तोडऩे का प्रयास करते हैं, जबकि कुछ महिलाएं उन्हें रोकने की कोशिश करती हैं। इस मजेदार प्रतियोगिता में विजेता को 11 हजार रुपये की इनामी राशि प्रदान की जाती है।
हर वर्ष होली के पर्व पर राई नृत्य सहित विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। यह कार्यक्रम बुन्देली विकास संस्थान द्वारा आयोजित किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित सिद्धार्थ शंकर बुन्देला ने सभी को होली की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि होली मिलने-जुलने का एक प्रमुख उत्सव है। इस वर्ष बुन्देली उत्सव का कार्यक्रम आगे बढ़ा दिया गया है। सामान्यत: साल में एक बार बुन्देली उत्सव के माध्यम से सभी से मुलाकात होती है, लेकिन इस बार होली मिलन के अवसर पर विशेष आयोजन किया गया, जिसमें लोगों ने एक-दूसरे को गुलाल और अबीर लगाकर होली की बधाई दी।
मुन्नाराजा बुन्देली संस्कृति को संरक्षित रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि होली रंगों का पारंपरिक त्यौहार है। इसकी मान्यता है कि साल भर की बुराइयों को रंगों से धोकर भुला दिया जाए और सभी एक-दूसरे को गले लगाकर भाईचारे का संदेश फैलाएं। मुन्नाराजा हर वर्ष इस तरह के आयोजन कर क्षेत्र में सांस्कृतिक धरोहर को जीवंत रखते हैं। समारोह में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग शामिल हुए और उत्साह के साथ होली के रंगों में रंगे।
