बागेश्वर धाम गढ़ा में होलिका दहन के साथ गूंजे बुंदेली फाग, शुरू हुआ होली का रंगीन उत्सव

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छतरपुर, रोहित पाठक। बागेश्वर धाम गढ़ा में होलिका दहन के साथ ही बुंदेली फाग की मधुर स्वर लहरियों में रंगों के पर्व होली का शुभारंभ हो गया। सोमवार रात्रि को विधि-विधान से होलिका दहन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
होलिका दहन के पश्चात गांव में जगह-जगह फाग गीतों की गूंज सुनाई दी। महिला एवं पुरुषों की टोलियों ने पारंपरिक बुंदेली फाग गाकर वातावरण को भक्तिमय और उत्साहपूर्ण बना दिया। ढोलक, मंजीरा और झांझ की थाप पर ग्रामीणों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएं दीं।
मंगलवार सुबह से ही गांव के विभिन्न मोहल्लों में रंगों का उल्लास देखने को मिला। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने प्रेम और सौहार्द के साथ होली का पर्व मनाया।
ग्रामीणों का कहना है कि होलिका दहन के साथ शुरू हुई यह परंपरा वर्षों से गांव की सांस्कृतिक पहचान रही है। बुंदेली फाग और भक्ति गीतों के माध्यम से होली का यह उत्सव सामाजिक एकता और भाईचारे का संदेश देता है। बागेश्वर धाम के इस पारंपरिक उत्सव में बुंदेलखंड की सांस्कृतिक धरोहर जीवंत रूप में नजर आती है, जहां भक्ति और उल्लास का अनोखा संगम देखने को मिलता है।
