भोपाल 8 मई मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने राज्य की मोहन यादव सरकार पर बड़ा हमला बोला है और आरोप लगाया है कि यह सरकार दलित और आदिवासी विरोधी है। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने एनसीआरबी रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा है कि मध्य प्रदेश में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति पर अत्याचार के मामले अत्यंत चिंताजनक हैं। एनसीआरबी की हाल में जारी रिपोर्ट के अनुसार वर्ष 2024 में आदिवासियों पर अत्याचार के मामलों में प्रदेश देश में पहले स्थान पर और दलितों पर अत्याचार में दूसरे स्थान पर रहा। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने आगे कहा है कि एनसीआरबी की रिपोर्ट बताती है कि प्रदेश का आदिवासी समाज देश में सबसे ज़्यादा अत्याचारों का सामना कर रहा है। भाजपा की सरकार आदिवासियों को न्याय दिलाने में पूरी तरह विफल रही है।

उन्होंने कहा है कि दलितों पर अत्याचार के मामले में प्रदेश का देश में दूसरे स्थान पर होना बताता है कि प्रदेश में दलितों की अवस्था कैसी है।सरकारी आंकड़े ख़ुद ही बता रहे हैं कि मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार पूरी तरह दलित और आदिवासी विरोधी है। राज्य की कांग्रेस इकाई लगातार कानून व्यवस्था से लेकर दलित और आदिवासियों के अत्याचार के मुद्दों को पूरे जोर-शोर से उठा रही है।

इसी बीच वर्ष 2024 की एनसीबीआई रिपोर्ट आई है। इस रिपोर्ट के आधार पर कांग्रेस सरकार को घेरने की कोशिश में लग गई है। वहीं दूसरी और भाजपा दलित-आदिवासी से लेकर तमाम वर्गों की सुविधाओं में बढ़ोतरी करने और उनके जीवन में बदलाव लाने का दावा कर रही है।