उमरिया, तपस गुप्ता। अंतरराष्ट्रीय विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर रविवार को उमरिया जिले के बिरसिंहपुर पाली में आदिवासी समाज की एकजुटता, सांस्कृतिक विरासत और गौरव का भव्य प्रदर्शन देखने को मिला। क्षेत्रीय विधायक सुश्री मीना सिंह के मुख्य आतिथ्य में आयोजित कार्यक्रम में जिले के अलग-अलग क्षेत्रों से हजारों की संख्या में आदिवासी समाज के लोग शामिल हुए। पारंपरिक वेशभूषा, गीत-संगीत और उत्साह से सराबोर रैली ने पूरे नगर का माहौल आदिवासी संस्कृति के रंग में रंग दिया।


कार्यक्रम की शुरुआत बाबा साहब डॉ. भीमराव अंबेडकर के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित करने और दीप प्रज्वलित करने के साथ हुई। इसके बाद बड़ी संख्या में समाज के लोगों ने नगर में भव्य रैली निकाली। रैली में महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पारंपरिक वेशभूषा में सजे लोगों की मौजूदगी और सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं। रैली के दौरान आदिवासी समाज की समृद्ध परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत की झलक दिखाई दी। पारंपरिक गीत-संगीत और नृत्य ने लोगों का ध्यान आकर्षित किया। जगह-जगह लोगों ने रैली का स्वागत भी किया। हजारों लोगों की सहभागिता ने आयोजन को खास बना दिया और पूरे नगर में उत्सव जैसा माहौल नजर आया।


रैली के बाद मंचीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसमें समाज के पदाधिकारियों और वक्ताओं ने आदिवासी समाज के विकास, शिक्षा, अधिकारों और सामाजिक एकता जैसे विषयों पर अपने विचार रखे। वक्ताओं ने कहा कि समाज की प्रगति के लिए बच्चों और युवाओं की शिक्षा पर विशेष ध्यान देना जरूरी है। इसके साथ ही अपनी संस्कृति, परंपराओं और पहचान को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया। कार्यक्रम में महिलाओं और युवाओं की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे लोगों ने एकजुट होकर आदिवासी समाज की ताकत और सांस्कृतिक विरासत का संदेश दिया। आयोजन के दौरान लोगों में खासा उत्साह देखने को मिला।


विश्व आदिवासी दिवस के इस आयोजन ने न केवल समाज की एकजुटता को प्रदर्शित किया, बल्कि आदिवासी संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण का संदेश भी दिया। पाली में निकली भव्य रैली देर तक लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी रही। हजारों लोगों की मौजूदगी और सांस्कृतिक रंगों से सजा आयोजन क्षेत्र में चर्चा का विषय रहा।