छतरपुर। मध्य प्रदेश राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा यादव के पति 61 वर्षीय अरविंद यादव की तबीयत अचानक बिगड़ने के बाद उन्हें पीएमश्री एयर एम्बुलेंस योजना के तहत सोमवार को गंभीर हालत में भोपाल रेफर किया गया है। उन्हें छतरपुर के खजुराहो एयरपोर्ट से विशेष एयर एम्बुलेंस द्वारा भोपाल भेजा गया, जहाँ भोपाल एम्स (AIIMS) के विशेषज्ञ डॉक्टरों की देखरेख में उनका इलाज जारी है।


जांच में एमआई विद ब्रैडीकार्डिया का चला पता

प्राप्त जानकारी के अनुसार, अरविंद यादव की तबीयत 25 जुलाई को अचानक बिगड़ गई थी, जिसके बाद उन्हें देर रात करीब 2 बजे तत्काल जिला अस्पताल के आईसीयू (ICU) वार्ड में भर्ती कराया गया। चिकित्सीय जांच में उन्हें 'एमआई विद ब्रैडीकार्डिया' (हार्ट अटैक के साथ हृदय गति का अत्यधिक धीमा होना) की गंभीर और जानलेवा समस्या होने का पता चला।

जिला अस्पताल के मेडिसिन विशेषज्ञ डॉ. शरद मिश्रा ने उनका गहन परीक्षण कर इलाज शुरू किया। हालांकि, लगातार उपचार के बावजूद उनकी स्वास्थ्य स्थिति गंभीर बनी रही, जिसके बाद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. आर.पी. गुप्ता को सूचित किया गया। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए विशेषज्ञ डॉक्टरों ने मरीज को तुरंत उच्च स्तरीय चिकित्सा सुविधा के लिए भोपाल रेफर करने की सलाह दी।


खजुराहो एयरपोर्ट से एम्स भोपाल पहुँचाया गया

मामले की गंभीरता को देखते हुए छतरपुर कलेक्टर पार्थ जैसवाल से तत्काल अनुमति ली गई और 'पीएमश्री एयर एम्बुलेंस योजना' के तहत अविलंब एयर एम्बुलेंस की व्यवस्था की गई। मरीज को जिला अस्पताल से 108 एम्बुलेंस के जरिए खजुराहो एयरपोर्ट ले जाया गया, जहाँ से एयर एम्बुलेंस ने भोपाल के लिए उड़ान भरी।

भोपाल एयरपोर्ट पर पहले से मुस्तैद 108 एम्बुलेंस की मदद से उन्हें सुरक्षित एम्स भोपाल पहुँचाया गया, जहाँ वरिष्ठ विशेषज्ञों की टीम उनकी स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।


छतरपुर जिले से एयर एम्बुलेंस सुविधा पाने वाले बने 13वें गंभीर मरीज

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के अनुसार, छतरपुर जिले में दूरस्थ क्षेत्रों के गंभीर मरीजों को समय पर उच्च स्तरीय और जीवनरक्षक चिकित्सा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से राज्य सरकार की 'पीएमश्री एयर एम्बुलेंस योजना' बेहद प्रभावी सिद्ध हो रही है। अरविंद यादव इस योजना का लाभ प्राप्त करने वाले छतरपुर जिले के 13वें गंभीर मरीज हैं, जिन्हें आपातकालीन स्थिति में एयर एम्बुलेंस के माध्यम से तत्काल बेहतर इलाज के लिए रेफर किया गया है।