दमोह ,राजेन्द्र तिवारी। दमोह जिले के बटियागढ़ में किसानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में क्षेत्रीय किसान एकजुट होकर सड़कों पर उतरे और रैली निकालते हुए तहसील कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार को कलेक्टर के नाम ज्ञापन सौंपा।
रैली की शुरुआत बटियागढ़ बस स्टैंड से हुई, जहां किसानों ने भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। इसके बाद किसान हाथों में तख्तियां और बैनर लेकर ट्रैक्टरों के साथ मुख्य मार्गों से होते हुए नारेबाजी करते हुए तहसील कार्यालय पहुंचे। इस दौरान किसानों की मांगों को कांग्रेस कार्यकर्ताओं का भी समर्थन मिला, जिससे प्रदर्शन और अधिक प्रभावशाली बन गया।
किसानों ने ज्ञापन में प्रमुख रूप से बटियागढ़ में गेहूं उपार्जन केंद्र स्थापित करने की मांग उठाई। उनका कहना है कि वर्तमान में उन्हें अपनी उपज को दूरस्थ केंद्रों तक ले जाना पड़ता है, जिससे समय और लागत दोनों बढ़ती हैं। इसके साथ ही किसानों ने गेहूं का समर्थन मूल्य 2700 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित करने की मांग भी रखी।
इसके अलावा किसानों ने बैंक ऋण जमा करने की समय सीमा बढ़ाने की मांग करते हुए कहा कि फसल की स्थिति और आर्थिक दबाव के कारण समय पर कर्ज चुकाना मुश्किल हो रहा है। साथ ही पचमनगर परियोजना का पानी खेतों तक पहुंचाने की भी मांग की गई, जिससे सिंचाई की समस्या का स्थायी समाधान हो सके।
किसानों की ओर से राकेश सिंह लंबरदार ने अपनी बात रखते हुए कहा कि यदि उनकी मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। वहीं तहसीलदार योगेंद्र चौधरी ने किसानों को आश्वस्त किया कि उनका ज्ञापन कलेक्टर तक पहुंचा दिया जाएगा और उचित कार्रवाई के लिए प्रयास किए जाएंगे।
यह प्रदर्शन क्षेत्र के किसानों की बढ़ती समस्याओं और सरकार से उनकी अपेक्षाओं को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।

