छतरपुर (पंकज यादव )। जिले के ईशानगर क्षेत्र अंतर्गत आने वाले ग्राम पठादा से बिजली विभाग की घोर लापरवाही का एक बड़ा मामला सामने आया है। यहाँ गांव की मुख्य सड़क पर बिजली के तार टूटकर या ढीले होकर सड़क से मात्र 4 फीट की ऊंचाई पर लटक रहे हैं। इस गंभीर स्थिति के कारण स्थानीय निवासियों और राहगीरों में भारी खौफ का माहौल है। यह मार्ग गांव का मुख्य रास्ता है, जिसका उपयोग पठादा पंचायत के ग्राम कटारे का पुरवा सहित दो-तीन अन्य मजरा (टोलों) के लोग रोजाना आवागमन के लिए करते हैं।
तारों के इतनी कम ऊंचाई पर होने के कारण सबसे बड़ा खतरा खेतों पर जाने वाले किसानों और उनके मवेशियों को है। गांव के लोग रोजाना अपने मवेशियों को चराने और खेतों पर काम करने के लिए इसी मार्ग से गुजरते हैं। इसके अलावा, जिस जगह पर यह तार लटक रहे हैं, उसके आसपास घनी आबादी बसी हुई है। ऐसे में हर समय किसी अनहोनी या करंट लगने का डर बना रहता है। स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि इतनी संवेदनशील स्थिति होने के बावजूद विद्युत विभाग के जिम्मेदार अधिकारी इस ओर बिल्कुल भी ध्यान नहीं दे रहे हैं। ग्रामीणों ने तीखा सवाल उठाते हुए कहा है कि यदि किसी दिन यहां कोई बड़ा हादसा होता है, तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा, यह अभी तक स्पष्ट नहीं है। गांव के लोगों ने प्रशासन और बिजली कंपनी के उच्च अधिकारियों से गुहार लगाई है कि जल्द से जल्द इस विद्युत लाइन की मरम्मत करवाई जाए और लटकते तारों की ऊंचाई बढ़ाकर ग्रामीणों को इस खतरे से मुक्ति दिलाई जाए।

