पटना | बिहार की राजधानी पटना के मुसल्लहपुर हाट इलाके में स्थित चर्चित 'खान ग्लोबल स्टडीज' कोचिंग संस्थान के बाहर हुई हिंसा और गोलीबारी के मामले ने एक नया मोड़ ले लिया है। आर्म्स एक्ट और हत्या के प्रयास (अटेम्प्ट टू मर्डर) जैसी गंभीर गैर-जमानती धाराओं में नामजद होने के बाद, देश के जाने-माने शिक्षक और संस्थान के संचालक 'खान सर' ने अंततः अदालत में आत्मसमर्पण (सरेंडर) कर दिया है। पिछले दो दिनों से पटना पुलिस उनकी सरगर्मी से तलाश कर रही थी, और इस पूरे घटनाक्रम पर बिहार सहित देश के सियासी और शैक्षणिक गलियारों की नजरें टिकी हुई थीं।
2 जून को हुआ था बवाल, गार्ड्स की फायरिंग का वीडियो हुआ था वायरल
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, पूरा विवाद बीते 2 जून को खान ग्लोबल स्टडीज संस्थान के ठीक बाहर हुआ था, जहां दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट और तोड़फोड़ की घटना हुई थी। इसी हंगामे के दौरान संस्थान के सुरक्षा गार्डों द्वारा सरेआम बंदूक से फायरिंग किए जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया था। वीडियो का संज्ञान लेते हुए पटना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की और मौके से साक्ष्य जुटाए। जांच के बाद पुलिस ने खान सर के दो सुरक्षा गार्डों, प्रदीप और तालेश्वर को अवैध और अनियंत्रित फायरिंग के आरोप में गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।
गार्ड्स के बयान और तकनीकी साक्ष्यों के बाद खान सर हुए नामजद
पटना पुलिस के आला अधिकारियों के मुताबिक, गिरफ्तार गार्ड्स से हुई पूछताछ, वायरल वीडियो फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों (लोकेशन व कॉल डिटेल) के आधार पर इस मामले में मुख्य आरोपी के रूप में खान सर को भी नामजद किया गया। पुलिस दल बीते 48 घंटों में खान सर की गिरफ्तारी के लिए उनके कोचिंग संस्थान, कार्यालय और कई संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रहा था। पुलिसिया दबाव को देखते हुए खान सर ने स्वयं कोर्ट पहुंचकर आत्मसमर्पण करने का कानूनी रास्ता चुना। अब आगे की रिमांड और जमानत संबंधी प्रक्रिया पूरी तरह अदालत के विवेक पर निर्भर करेगी।
कोचिंग माफियाओं की आपसी रंजिश और प्रतिस्पर्धा का शक
पुलिस प्रशासन इस पूरे घटनाक्रम को महज एक सामान्य विवाद नहीं मान रहा है, बल्कि इसके पीछे पटना के कोचिंग जगत की आपसी खींचतान और व्यावसायिक रंजिश की बू आ रही है। "मुसल्लहपुर हाट और आसपास के इलाकों में कई बड़े कोचिंग संस्थानों के बीच छात्रों को अपने पाले में खींचने के लिए लंबे समय से कड़ी प्रतिस्पर्धा चल रही है। जांच एजेंसियां इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही हैं कि क्या खान सर के संस्थान पर हमला सुनियोजित साजिश का हिस्सा था। इसी कड़ी में पुलिस ने एक अन्य प्रतिस्पर्धी कोचिंग संस्थान के संचालक रोशन आनंद को भी गिरफ्तार किया है।"
- वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, पटना
छात्रों में भारी आक्रोश, पुलिस बोली- साक्ष्यों के आधार पर होगी कार्रवाई
खान सर के सरेंडर की खबर फैलते ही सोशल मीडिया से लेकर पटना की सड़कों पर उनके समर्थन में छात्रों का हुजूम उमड़ पड़ा है। छात्रों का तर्क है कि खान सर देश के प्रतिष्ठित शिक्षक हैं और जांच पूरी होने से पहले उन्हें इस तरह अपराधी की तरह पेश करना गलत है। दूसरी तरफ, पटना पुलिस ने स्पष्ट रुख अपनाते हुए कहा है कि कानून सबके लिए बराबर है और पूरी कार्रवाई केवल उपलब्ध डिजिटल व भौतिक साक्ष्यों के आधार पर की जा रही है। आने वाले दिनों में कोर्ट की सुनवाई से इस पूरे मामले की धुंधली तस्वीर और साफ होगी।

