श्रीनगर। श्रीनगर पुलिस ने अमरनाथ यात्रा को लेकर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे भ्रामक दावों का खंडन करते हुए स्पष्ट किया है कि लाल चौक के पास यात्रियों को ले जा रही बसों पर हमले और उनमें आग लगने की खबर पूरी तरह झूठी है। पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करने की अपील की है।

शनिवार को श्रीनगर पुलिस के आधिकारिक 'एक्स' हैंडल से जारी एडवाइजरी में कहा गया, "पुलिस के संज्ञान में आया है कि सोशल मीडिया पर एक भ्रामक वीडियो और उससे जुड़ी गलत जानकारी प्रसारित की जा रही है। इसमें दावा किया जा रहा है कि श्रीनगर के लाल चौक के पास अमरनाथ यात्रा के श्रद्धालुओं को ले जा रही बसों पर हमला किया गया और उनमें आग लगा दी गई।"

पुलिस ने स्पष्ट किया कि ऐसी कोई घटना नहीं हुई है और वायरल किया जा रहा वीडियो अमरनाथ यात्रा से बिल्कुल भी संबंधित नहीं है।

पुलिस के अनुसार, कुछ लोग इस वीडियो को अमरनाथ यात्रा से जोड़कर गलत तरीके से प्रचारित कर रहे हैं, जिससे लोगों में भ्रम और अनावश्यक डर फैल सकता है। श्रीनगर पुलिस ने कहा कि इस तरह की भ्रामक सामग्री कानून-व्यवस्था की स्थिति को प्रभावित कर सकती है और समाज में गलत संदेश पहुंचा सकती है।

एडवाइजरी में आम नागरिकों से अपील की गई है कि वे किसी भी अपुष्ट या भ्रामक जानकारी को न तो तैयार करें, न साझा करें और न ही उसे आगे प्रसारित करें। पुलिस ने कहा कि बिना तथ्यों की पुष्टि किए किसी भी वीडियो, पोस्ट या संदेश को सोशल मीडिया पर साझा करना अफवाहों को बढ़ावा दे सकता है और इससे सार्वजनिक शांति प्रभावित हो सकती है।

श्रीनगर पुलिस ने चेतावनी दी है कि जो लोग जानबूझकर फर्जी या भ्रामक जानकारी तैयार करेंगे, उसे साझा करेंगे या रीपोस्ट करेंगे, उनके खिलाफ प्रचलित कानूनों के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस ने कहा कि सोशल मीडिया का जिम्मेदारी से उपयोग करना प्रत्येक नागरिक का दायित्व है।