Wednesday, January 21, 2026

LOGO

BREAKING NEWS
मध्य प्रदेशसागरकान्हा से नौरादेही आया नया बाघ, मोहली रेंज में छोड़ा गया तीन साल का मेहमान

कान्हा से नौरादेही आया नया बाघ, मोहली रेंज में छोड़ा गया तीन साल का मेहमान

Post Media
News Logo
Peptech Time
21 जनवरी 2026, 06:21 am IST
Share on FacebookShare on WhatsAppShare on Twitter/XOpen Instagram
Copy Link

Advertisement

सागर — मध्य प्रदेश के सबसे बड़े रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व (नौरादेही) में बाघों की बढ़ती संख्या के बीच एक नए मेहमान की एंट्री ने वन्यजीव प्रेमियों और वन प्रबंधन को उत्साहित कर दिया है। कान्हा टाइगर रिजर्व से शिफ्ट किया गया तीन साल का युवा नर बाघ रविवार रात मोहली रेंज में सुरक्षित रूप से छोड़ा गया।


यह बाघ अप्रैल 2023 में मात्र चार महीने की उम्र में पेंच टाइगर रिजर्व में अपनी मां से बिछड़ गया था। अनाथ शावक को बचाने के बाद इसे कान्हा टाइगर रिजर्व में स्थानांतरित किया गया, जहां घोरेला बाड़े में विशेष प्रशिक्षण दिया गया। यहां उसे जंगल में जीवित रहने, शिकार करने और स्वतंत्र घूमने का अभ्यास कराया गया। धीरे-धीरे बाघ ने जंगल में अपनी मौजूदगी मजबूत की और दो शिकार भी सफलतापूर्वक किए। तीन साल की उम्र पूरी होने पर वन विभाग ने इसे नौरादेही टाइगर रिजर्व में रिलीज करने की मंजूरी दी।


रानी दुर्गावती टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर डॉ. ए. ए. अंसारी ने बताया कि नया बाघ फिलहाल मोहली रेंज में छोड़ा गया है। हाल ही में विस्थापन प्रक्रिया के तहत मोहली रेंज के उत्तर में 6 गांव खाली कराए गए हैं, जिससे यह क्षेत्र वन्य प्राणियों के लिए पूरी तरह खुला और सुरक्षित हो गया है। नए बाघ का पहले से मौजूद बाघों से आमना-सामना फिलहाल नहीं होगा। वह खुद अपनी टेरिटरी बनाएगा और पर्यावरण के अनुकूल ढलने की कोशिश करेगा।


डॉ. अंसारी ने आगे कहा, "नए बाघ के आने से मौजूदा बाघों और उनकी संतानों में भविष्य में सकारात्मक बदलाव आएंगे। मेहमान बाघ से पैदा होने वाली नई संतान में जीन विविधता बढ़ेगी, इनब्रीडिंग का खतरा कम होगा और आने वाली पीढ़ियां अधिक मजबूत होंगी। यह किसी भी संरक्षित क्षेत्र के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।"


वन्यजीव विशेषज्ञों और रिजर्व प्रबंधन को उम्मीद है कि यह स्थानांतरण न केवल नौरादेही में बाघों की संख्या बढ़ाएगा, बल्कि जीन पूल की विविधता से समग्र स्वास्थ्य और संरक्षण प्रयासों को मजबूती मिलेगी। यह कदम मध्य प्रदेश के टाइगर संरक्षण अभियान में एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।

Today In JP Cinema, Chhatarpur (M.P.)